क्या वोटिंग पैटर्न बता रहा है केरल, असम और त्रिपुरा में किसकी बनेगी सरकार?

नई दिल्ली : असम और केरलम में चल रहे विधानसभा चुनाव और त्रिपुरा में उपचुनाव के बीच मतदान के रुझान सामने आए हैं। शाम पांच बजे तक के आंकड़ों के अनुसार पुडुचेरी में सबसे अधिक लगभग 86.92 फीसदी वोटिंग हुई है। वहीं केरल में 75.01 फीसदी वोटिंग हुई है, जो अच्छी भागीदारी को दिखाता है। असम में वोटिंग प्रतिशत मतदान प्रतिशत 70.42 के आसपास रहा है। असम में वोटिंग के बाद वहां के सीएम हेमंता बिस्वा सरमा ने कहा, इस चुनाव में जिस तरह बंपर वोटिंग हुई है इससे एक बार फिर भाजपा की सरकार बनती नजर आ रही है। इलेक्शन कमीशन के अनुसार यह आंकड़े अनुमानित हैं और अंतिम आंकड़ों में बदलाव संभव है। कुल मिलाकर तीनों राज्यों में मतदाताओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया है, जिससे लोकतंत्र की मजबूती का संकेत मिलता है। त्रिपुरा के धर्मनगर विधानसभा क्षेत्र में उपचुनाव के लिए मतदान गुरुवार को शांतिपूर्ण तरीके से पूरा हो गया। शाम 5 बजे तक लगभग 79.84 प्रतिशत वोटिंग दर्ज की गई। खराब मौसम के बावजूद मतदाताओं में उत्साह देखने को मिला और लोग बड़ी तादात में बूथ पर पहुंचे। सुबह सात बजे से शुरू हुआ मतदान कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच हुआ, जहां सभी 55 बूथों पर शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित किया गया। चुनाव अधिकारियों के अनुसार, कुल 46,142 मतदाता छह उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे। मतदान प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए सभी बूथों पर वेबकास्टिंग की व्यवस्था की गई थी और ईवीएम के साथ वीवीपैट मशीनों का इस्तेमाल हुआ। यह उपचुनाव भाजपा के विधायक और विधानसभा अध्यक्ष बिश्व बंधु सेन के निधन के बाद कराया गया है। मतदान के दौरान मतदाता लंबी कतारों में नजर आए और बिना किसी व्यवधान के अपने मताधिकार का प्रयोग किया। चार मई को सभी राज्यों की विधानसभा चुनाव और उपचुनाव के नतीजे आएंगे।






