कोसमनारा धाम जहां राज्य के सीएम भी माथा टेकते हैं, जानिए क्यों है इतना महत्व…

रायगढ़ : महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर कोसमनारा धाम में आयोजित स्थापना दिवस एवं शपथ ग्रहण समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि समाज जब संगठित और जागरूक होता है, तब विकास को वास्तविक मजबूती मिलती है। साहू समाज की एकजुटता, शिक्षा और समर्पण प्रदेश के सामाजिक एवं आर्थिक उत्थान में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में समाज की सक्रिय भागीदारी अनिवार्य है।
सर्वसमाज की आस्था का केंद्र ग्राम कोसमनारा स्थित बाबा धाम आज सभी समाज के लिए आस्था का केंद्र बन चुका है। बाबा श्रीश्री 108 श्री सत्यनारायण जी ने कम आयु में ही कठिन तपस्या और साधना से आध्यात्मिक मार्ग को अपनाया। 1998 से बाबा श्री सत्यनारायण जी कोसमनारा में निरंतर तपस्या कर रहे हैं। तीनों ऋतुओं में आसमान के नीचे साधना करना, उनकी अटूट श्रद्धा और संकल्प का प्रतीक है। वह छत्तीसगढ़ महतारी के सच्चे सपूत हैं। पूज्य बाबा श्री सत्यनारायण अपनी तपस्या से आज वह हर वर्ग के बीच आस्था के केंद्र बन चुके हैं। बाबा धाम सामाजिक समरसता, एकता और भाईचारे का संदेश देता है।
अखण्ड धूनी एवं हवन कुंड इस तपस्थली की दिव्यता को दर्शाते हैं। शिवलिंग स्थापना, कुटिया निर्माण, पेयजल व्यवस्था एवं अष्टभुजी दुर्गा माता मंदिर का निर्माण धाम की बढ़ती महत्ता को दर्शाता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि समर्थन मूल्य पर धान बेचने वाले 25 लाख से अधिक किसानों को ₹3100 प्रति क्विंटल की दर से अंतर राशि होली से पूर्व एकमुश्त प्रदान की जाएगी। लगभग ₹10,000 करोड़ की राशि सीधे किसानों के खातों में अंतरित की जाएगी। उन्होंने कहा कि अन्नदाता भाइयों-बहनों की समृद्धि ही सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और सरकार किसानों के परिश्रम का सम्मान सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
इससे पूर्व मुख्यमंत्री साय ने कोसमनारा स्थित श्री श्री 108 सत्यनारायण बाबा जी एवं भक्त माता कर्मा-कृष्ण मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की तथा महाशिवरात्रि की शुभकामनाएं दीं।
कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए उन्होंने कहा कि 16 फरवरी 1998 से पूज्य सत्यनारायण बाबा खुले आकाश के नीचे निरंतर तपस्या में लीन हैं। तीनों ऋतुओं में 28 वर्षों से अधिक समय तक साधना करना अत्यंत अद्वितीय और प्रेरणादायक है। यह धाम सामाजिक समरसता, आस्था और भाईचारे का सशक्त प्रतीक बन चुका है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बाबा जी के आशीर्वाद से उन्हें चार बार सांसद रहने का अवसर मिला और आज मुख्यमंत्री के रूप में सेवा का सौभाग्य प्राप्त हुआ है। उन्होंने बाबा भोलेनाथ एवं बाबा सत्यनारायण से प्रदेशवासियों पर निरंतर कृपा बनाए रखने की कामना की।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कोसमनारा स्थित कर्मा साहू सामुदायिक भवन के ऊपर अतिरिक्त निर्माण के लिए ₹50 लाख की घोषणा की। साथ ही उन्होंने श्री रामलला दर्शन योजना एवं मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इन योजनाओं के माध्यम से प्रदेशवासियों को अयोध्या सहित देश के प्रमुख तीर्थ स्थलों की यात्रा का अवसर मिल रहा है।
समारोह में समाज कल्याण में उत्कृष्ट योगदान के लिए त्रिभुवन साहू, भरत लाल साहू, कपिल नाथ, अरुणा साहू, मनोज साहू एवं वेदराम साहू को सम्मानित किया गया। कोरबा जिला साहू संघ की पत्रिका तथा बाबा सत्यनारायण चालीसा का विमोचन भी किया गया।
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने महाशिवरात्रि की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि साहू समाज की एकजुटता विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने कोसमनारा धाम के विकास हेतु लगभग डेढ़ करोड़ रुपये के प्रस्तावित कार्यों की जानकारी दी। साहू समाज के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. नीरेंद्र साहू ने बिलासपुर संभाग के सात जिलों के नव निर्वाचित जिला साहू संघ पदाधिकारियों को शपथ दिलाई।
कार्यक्रम में लोकसभा सांसद राधेश्याम राठिया, कसडोल विधायक संदीप साहू, जैजैपुर विधायक बालेश्वर साहू, नगर निगम महापौर श्री जीवर्धन चौहान, पूर्व सांसद लखनलाल साहू, तेलघानी बोर्ड अध्यक्ष श्री जितेंद्र साहू,डिग्रीलाल साहू सहित बिलासपुर संभाग के सात जिलों के नव निर्वाचित पदाधिकारी, बाबा सत्यनारायण की माता हंसमती देवी, संभागायुक्त सुनील जैन, आईजी श्री रामगोपाल गर्ग, कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह सहित अन्य अधिकारीगण स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे।






