नई दिल्ली : श्री प्रवीण कुमार, मैनेजिंग डायरेक्टर, डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (DFCCIL) ने 30 मई 2026 को ईस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (EDFC) के न्यू दादरी–न्यू खुर्जा–साहनेवाल सेक्शन का रेलकार द्वारा व्यापक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कॉरिडोर के परिचालन प्रदर्शन की समीक्षा की, प्रमुख इंफ्रास्ट्रक्चर परिसंपत्तियों का आकलन किया तथा डीएफसी नेटवर्क की दक्षता एवं क्षमता उपयोग को बढ़ाने के लिए किए जा रहे प्रयासों का मूल्यांकन करने हेतु फील्ड अधिकारियों के साथ संवाद किया। उन्होंने डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर ट्रैक पर हाल ही में हुई अप्रिय घटनाओं के परिप्रेक्ष्य में इस ईडीएफसी सेक्शन में सुरक्षा तैयारियों की विस्तृत समीक्षा भी की।
मैनेजिंग डायरेक्टर ने न्यू तलहेड़ी बुजुर्ग स्थित ट्रैक्शन सबस्टेशन (TSS) का भी निरीक्षण किया, जो डीएफसीसीआईएल के 100% विद्युतीकृत रेल नेटवर्क का एक महत्वपूर्ण घटक है और उन्नत 2×25 केवी ट्रैक्शन पावर सप्लाई सिस्टम के माध्यम से संचालित होता है। निरीक्षण के दौरान महत्वपूर्ण उपकरणों, पावर सप्लाई सिस्टम्स, मॉनिटरिंग मैकेनिज्म तथा सुरक्षा प्रोटोकॉल्स की कार्यप्रणाली का आकलन किया गया, जो कॉरिडोर पर संचालित फ्रेट ट्रेनों को निर्बाध ट्रैक्शन पावर उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
सामाजिक उत्तरदायित्व एवं सामुदायिक कल्याण के प्रति डीएफसीसीआईएल की प्रतिबद्धता के अंतर्गत, मैनेजिंग डायरेक्टर ने साहा स्थित सेवा धाम आश्रम में ड्यूशेन मस्कुलर डिस्ट्रॉफी (DMD) से पीड़ित बच्चों के लिए विकसित एक आधुनिक सुविधा का उद्घाटन किया। ड्यूशेन मस्कुलर डिस्ट्रॉफी एक दुर्लभ एवं प्रगतिशील आनुवंशिक विकार है, जो समय के साथ मांसपेशियों को कमजोर करता है। इस स्थिति के प्रबंधन में समय पर पुनर्वास एवं निरंतर चिकित्सीय देखभाल के महत्व को ध्यान में रखते हुए, डीएफसीसीआईएल ने अपने कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) कार्यक्रम के अंतर्गत नई सुविधा में उन्नत फिजियोथेरेपी उपकरण उपलब्ध कराकर बच्चों को सहयोग प्रदान किया। इस पहल से लाभार्थियों को उपलब्ध उपचार एवं चिकित्सीय सहायता की गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार होने की अपेक्षा है।
उन्होंने अंबाला कैंट में नव-निर्मित डीएफसीसीआईएल टाइप-V रेजिडेंशियल क्वार्टर्स का भी उद्घाटन किया, जिसे कर्मचारियों के कल्याण हेतु बुनियादी सुविधाओं को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से विकसित किया गया है। इस आधुनिक आवासीय परिसर को कर्मचारियों एवं उनके परिवारों को आरामदायक एवं उच्च गुणवत्ता वाली आवासीय सुविधाएं प्रदान करने के लिए डिज़ाइन किया गया है।
इस निरीक्षण के दौरान श्री पवन के. राय, डायरेक्टर (प्रोजेक्ट प्लानिंग); श्री संदेश श्रीवास्तव, एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर (प्रोजेक्ट); श्री आलोक कुमार, जनरल मैनेजर (कोऑर्डिनेशन), अंबाला यूनिट; श्री अर्जुन सिंह तोमर, जनरल मैनेजर (एस एंड टी), ईस्टर्न कॉरिडोर; श्री अखिलेश श्रीवास्तव, जनरल मैनेजर (इलेक्ट्रिकल-IV), ईस्टर्न कॉरिडोर; श्री आशीष मिश्रा, जनरल मैनेजर (सिक्योरिटी), ईडीएफसी; श्री सुंदर सिंह, जनरल मैनेजर (एचआर) तथा फील्ड यूनिट्स के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
2,843 रूट किलोमीटर में विस्तृत डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर भारत में माल परिवहन के लिए एक परिवर्तनकारी पहल के रूप में उभरा है। यह नेटवर्क परिचालन प्रदर्शन के नए मानक स्थापित कर रहा है तथा प्रतिदिन औसतन 406 फ्रेट ट्रेनों का संचालन कर रहा है। 26.01.2026 को एक ही दिन में 907 ट्रेन इंटरचेंज का रिकॉर्ड भी स्थापित किया गया। अब तक, इन गलियारों ने 586 अरब सकल टन किलोमीटर (GTKM) का परिवहन किया है, जो डीएफसी नेटवर्क के प्रति बढ़ते विश्वास एवं माल परिवहन के बढ़ते स्थानांतरण को दर्शाती है। ये उपलब्धियां ट्रांजिट समय को कम करने, सप्लाई चेन दक्षता में सुधार लाने तथा आधुनिक एवं उच्च क्षमता वाले फ्रेट रेल नेटवर्क के माध्यम से देश की आर्थिक प्रगति को सुदृढ़ करने में डीएफसीसीआईएल की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित करती हैं।
DFCCIL के एमडी ने न्यू दादरी–साहनेवाल सेक्शन का किया निरीक्षण, दिया जरूरी निर्देश

