नई दिल्ली : मध्य प्रदेश के सीएम मोहन यादव पर जमीन से जुड़े आरोपों ने देशभर में तहलका मचा दिया है. सोशल मीडिया में लोग इस पर मीम बना रहे हैँ. उधर कांग्रेस को बैठे बैठाए एक बड़ा मुद्दा मिल गया है पार्टी विद डिफरेंस और सुचिता की राजनीति करने वाली भारतीय जनता पार्टी के किसी भी सीएम के ऊपर पिछले डेढ़ दशक में इस तरह के आरोप नहीं लगे. ऐसे में कयास लगाए जा रहे हैँ कि क्या अब मोहन यादव का इस्तीफा होगा. इसके कयास समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव के एक बयान से और तेज हो गया है. अक्सर भाजपा पर बरसने वाले अखिलेश यादव अचानक मोहन यादव के पक्ष में खडे हो गए हैँ. यहाँ तक की उन्होंने इसे उनके खिलाफ बीजेपी की साजिश बताया. उन्होंने कहा कि “असली खेल मुख्यमंत्री बदलना, मध्य प्रदेश और राजस्थान के मुख्यमंत्री को हटाना है. इन दो के बाद यूपी के मुख्यमंत्री को भी हटाना है.”
पत्रकारों से बातचीत करते हुए सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव ने कहा, “मोहन यादव को बदनाम करने के लिए बीजेपी ने साजिश की है.अगर मोहन यादव पर ये आरोप है तो उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने तो 300-600 एकड़ जमीन ली है. ये कोई नई बात नहीं है. वे पहले रियल स्टेट का काम करते थे. क्या भाजपा ये नहीं जानती? ये आरोप इसलिए लग रहा है कि भाजपा रास्ता तलाश रही है कि 3 सीएम कैसे बदलें. वे मुख्यमंत्री बदलना चाहते हैं इसलिए आरोप लगवा रहे हैं.”
अखिलेश यादव ने मीडिया से कहा “इन्हें मध्य-प्रदेश, राजस्थान के मुख्यमंत्री को हटाना है. इन दो को इसलिए हटा रहे हैं कि उन्हें उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को हटाना है. ये हटाने की साजिश चल रही है.उत्तर प्रदेश की जनता जानती है कि इस बार साइकिल इतनी तेज चलेगी कि अपने आप मुख्यमंत्री हट जाएंगे.” अखिलेश यादव के इस बयान से एक बात तो तय है यदि भाजपा के लिए मोहन यादव का इस्तीफा लेना आसान नहीं होगा, यदि वह ऐसा करती है तो यादव वोटबैंक में सेंध लगना तय है.

